मंगल का मकर राशि में गोचर 2026, 16 जनवरी को होने जा रहा है, जो सभी राशियों के जीवन में ऊर्जा, साहस और बड़े बदलाव लेकर आएगा।
वर्ष 2026 का मकर राशि में गोचर 16 जनवरी 2026 को होगा। आज हम बात करते है और जानते हैं किस राशि के जातकों को इस दौरान बेहत ही शुभ परिणाम मिलेंगे और किन्हें अशुभ परिणाम मिलने के संकेत है। ज्योतिष शास्त्र में मंगल ग्रह को ऊर्जा, साहस, कर्म, जोश और खुद को आगे बढ़ाने की शक्ति का प्रतीक के रूप में माना जाता है। सनातन वैदिक ज्योतिष में इसे मंगल भी कहा जाता है। साथ ही साथ यह ग्रह बताता है कि व्यक्ति कितनी भी पहल करता है, मुश्किल हालात से कैसे निपटता है और अपने लक्ष्यों को कितने दृढ़ संकल्प के साथ वह पूरा कर पता है।
मंगल ग्रह को शारीरिक बल, महत्वाकांक्षा, नेतृत्व क्षमता, प्रतिस्पर्धा की भावना और व्यक्ति के भीतर छिपे योद्धा स्वभाव को भी दर्शाता है। जब कुंडली में मंगल शुभ स्थिति में होता है, तो उस जातक में आत्मविश्वास, अनुशासन, निडरता और बाधाओं पर विजय पाने की शक्ति देता है। लेकिन यदि मंगल अशुभ या पीड़ित हो, तो व्यक्ति में गुस्सा, अधीरता, आक्रामक स्वभाव, जल्दबाजी में फैसले लेना और रिश्तों में टकराव देखने को भी मिल सकता है। मंगल ग्रह रक्त मांसपेशियों, भूमि, संपत्ति और तकनीकी कौशल का भी कारक है। इसलिए यह ग्रह इंजीनियरिंग, रक्षा, खेल, सर्जरी, पुलिस और सुरक्षा सेवाओं जैसे पेशों में भी विशेष महत्व रखता है। कुल मिलाकर यदि देखा जाय तो मंगल ग्रह यह भी दर्शाता है कि कोई व्यक्ति अपनी आंतरिक शक्ति और जीवन ऊर्जा का उपयोग कितनी हिम्मत और प्रभावी तरीके से करता है।
अब हम जतने है की मंगल का मकर राशि में गोचर का समय व तिथि के बारे में
16 जनवरी की दोपहर 02 बजकर 50 मिनट पर मंगल ग्रह मकर राशि में गोचर करेगा। सामान्य रूप से ज्योतिष में मकर राशि में मंगल को उच्च कोटी का माना जाता है और इसे मंगल की सबसे श्रेष्ठ स्थिति भी कहा जा सकता है। अब हम जानते है आखिर इस गोचर का प्रभाव वैश्विक घटनाओं, शेयर बाज़ार और सभी राशियों पर किस प्रकार पड़ सकता है। आपके जीवन का सारा राज, जानें ग्रहों की चाल का पूरा लेखा-जोखा मकर राशि में मंगल का होना जिम्मेदारी और समय प्रबंधन से जुड़ा होता है। इस स्थिति में व्यक्ति में अच्छा आत्म-संयम होता है, वह व्यावहारिक योजनाएं बना पाता है और अपने अनुभव व ज्ञान से गलतियां से सीखकर आगे बढ़ने की इच्छा रखता है, ताकि सफलता हासिल कर सके। मकर राशि में मंगल आपको अपने लक्ष्यों को पूरा करने के लिए आवश्यक ऊर्जा देता है।
यह गोचर आपके ठोस योजना बनाने, अपनी मजबूत नींव खोजने और भौतिक व जीवन से जुड़ी चिंताओं पर काबू पाने में मदद करता है। इस स्थिति में व्यक्ति हमेशा खुद को बदलने और ढालने के लिए तैयार रहता है, ताकि वह अपनी परेशानियों और डर का सामना कर सके और उन पर विजय पा सके। हालांकि, यह भी पाया गया है की कभी-कभी यह आत्म-रक्षा की भावना अंदर ही अंदर डर की एक श्रृंखला भी पैदा कर सकती है। मकर राशि के लोग बाहर की दुनिया का सामना बहादुरी से करते हैं, लेकिन भीतर ही भीतर अपने आंतरिक संघर्षों से लगातार जूझते रहते हैं। मकर राशि जैसे उच्च स्थान में स्थित मंगल, जो कि कर्म और क्रियाशीलता का ग्रह है, व्यक्ति को काम करने, पहल करने और अधूरे कार्य पूरे करने की जबरदस्त प्रेरणा देता है। इसका ऊर्जावान प्रभाव व्यक्ति की मूल प्रवृत्तियों और अपनी इच्छाओं को व्यवहार में कैसे लाया जाए, इसे नियंत्रित करता है। कुल मिलाकर मंगल का मकर राशि में गोचर 2026 साहस, कर्म और निर्णायक बदलावों का संकेत देता है।
आशा है की आपको यह ज्योतिषी ज्ञान समझ में आया होगा।
Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारी ज्योतिषीय मान्यताओं और ग्रह-गोचर पर आधारित है। इसका उद्देश्य किसी प्रकार की निश्चित भविष्यवाणी, दावा या गारंटी देना नहीं है। लेखक या वेबसाइट किसी भी प्रकार के निर्णय, लाभ या हानि के लिए जिम्मेदार नहीं होगी। पाठक अपने विवेक और परिस्थिति के अनुसार निर्णय लें।
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